रसूखदार बिजली चोर को विभाग ने 4.73 लाख रुपए का नोटिस तो भेजा, लेकिन वसूली करने में कांप रहे हैं हाथ।
कांग्रेसी नेता इवन साहू पर बिजली चोरी का लगा है गंभीर आरोप।

बालोद/सजग प्रहरी।
बालोद जिले में इन दिनों चोरी की तरह तरह के किस्से व तरीके सुनने एवं देखने को मिल रहा है। जिले के ग्राम बागतराई में एक अलग ही तरीके से चोरी करने का मामला सामने आया है।
जहां पर प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बिजली विभाग के ही एक कर्मचारी के संलिप्तता में कांग्रेसी नेता एवं ग्राम विकास समिति के संरक्षक तथा पूर्व सरपंच रूखमणि बाई साहू का पति इवन साहू के द्वारा विगत लम्बे समय से बिजली चोरी कर आसपास के किसानों को अनैतिक तरीके से पानी बेचकर लाखों रुपए की अवैध कमाई करने का मामला सामने आया है।

मामले में विद्युत विभाग को लाखों रुपए की राजस्व की नुकसान होना बताया जा रहा है। मामले की बिजली विभाग के उच्च अधिकारीयों को शिकायत मिलने पर विभाग ने मौका जांच उपरांत बिजली चोरी प्रमाणित होने पर इवन साहू को 4.73 लाख रुपए (चार लाख तिरहत्तर हजार रुपए) का प्रोविजनल बिल तो भेज दिया है, लेकिन राजनीतिक हस्तक्षेप के चलते दो माह बीत जाने के बाद भी भेजे गए बिल की वसूली करने में अधिकारियों के फूलने लगे हैं सांसे।

प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम बागतराई के कथित बिजली चोर इवन साहू विभाग में पदस्थ लाईनमैन खेमू राम नागवंशी के संरक्षण एवं संलिप्तता में विगत लम्बे समय से अपने निजी खेत में दो नलकूप खनन कर बिना वैध तरीके से बिजली कनेक्शन लिए चोरी की बिजली से नलकूप संचालित करते हुए बेहतासा भूगर्भीय जल का दोहनकर क्षेत्र के किसानों को पानी बेचकर लाखों रुपए की अवैध कमाई करता रहा है। ग्राम बागतराई के जागरूक लोगों के द्वारा बिजली विभाग के उच्च अधिकारीयों को शिकायत करने पर विभाग ने बिजली चोरी का मामला दर्ज कर 4.73 लाख रुपए का प्रोविजनल बिल इवन साहू को भेजा है।
पूर्व सरपंच एवं आरोपी इवन साहू की पत्नी रूखमणि ने भी स्वीकारा बिजली चोरी!
मामले में ग्राम पंचायत बागतराई की पूर्व सरपंच एवं मामले में आरोपी इवन साहू की पत्नी रूखमणि बाई साहू ने बताया कि लगभग सात–आठ साल पूर्व खुदाई किए नलकूप में वैध रूप से बिजली कनेक्शन नहीं लिया है बल्कि अवैध रूप बिजली कनेक्शन लेकर नलकूप संचालन किया जा रहा था। गांव में लोगों को बिजली चोरी किए जाने की जानकारी होने एवं जन आक्रोश को देखते हुए लाइनमेन के द्वारा गर्मी के मौसम में कनेक्शन काट दिया गया है तब से बोर बंद है। तथा दूसरी बोर विगत चार वर्ष पहले ही खुदवाया गया है उसमें भी वैध तरीके से बिजली कनेक्शन नहीं लिया गया है।
पड़ोसी किसान रेवती बाई ने बताया कि इवन साहू के द्वारा चार वर्ष पहले बोर खुदाया गया है इसी नलकूप से उन्हें भी पानी बेचा करता था आरोपी इवन साहू। वहीं पड़ोसी किसान जयंत लाल साहू ने बताया कि इवन साहू के बोर के समीप ही उनका भी खेत लगा हुआ है, उन्होंने बताया कि इवन साहू के बोर में लगा बिजली कनेक्शन अभी ग्रीष्म काल में ही लाइन काटा गया है।
इसी प्रकार ग्रामीण नरेश साहू ने भी बताया कि इवन साहू ने दो जगहों पर नलकूप खनन करवाया है जिसमें अवैध रूप से बिजली कनेक्शन लेकर दर्जनों किसानों को पानी बेचने का कार्य लंबे समय से करते आ रहा है। उन्होंने बताया कि अवैध रूप से लिए हुए बिजली कनेक्शन को 27 जुलाई 2025 को ही निकाला गया है। इसके पहले तक लम्बे समय से अवैध बिजली कनेक्शन से नलकूप संचालित किया जा रहा था।
इवन साहू ने किसान रेवती बाई साहू को भी बेचा चोरी के बिजली से पानी।

किसान रेवती बाई साहू ने बताया कि अपने खेतों की सिंचाई के लिए इवन साहू के नलकूप से विगत तीन चार वर्षों से पानी खरीद कर अपने फसल को पकाता रहा है।
मामले में बिजली विभाग के अधिकारी हेमंत हिरवानी ने बताया कि आरोपी इवन साहू के द्वारा बिजली चोरी करना प्रमाणित हुआ है, उन्हें एक वर्ष का विद्युत क्षति पूर्ति की राशि का वसूली बाबत प्रोविजनल बिल चार लाख तिरहत्तर हजार छः सौ बारह रुपए का नोटिस भेजा गया है जिसकी वसूली अतिशीघ्र किया जाएगा। लेकिन विभाग में पदस्थ लाईनमैन खेमू राम नागवंशी की संरक्षण एवं संलिप्तता के सवाल पर चुप्पी साध ली।
