ग्राम नरबदा में दो दिवसीय भव्य मानसगान प्रतियोगिता का हुआ शुभारंभ।
अतिथि के रूप में पहुँचे क्षेत्र के जनप्रतिनिधिगण।
बालोद/गुरुर / सजग प्रहरी।
छत्तीसगढ़ की सरजमीं पर बहने वाली खारुन नदी के तट पर बसा ग्राम नरबदा, विकास खण्ड गुरूर, जिला बालोद में 02 अक्टूबर को महात्मा गांधी जी के जयंती के पावन पर्व पर विगत 44 वर्षों से अविरल राम चरित मानस व्याख्यान कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है, दो दिनों तक राम नाम की गूंज से पूरे गांव सहित आसपास के ग्रामों के भक्त जन भक्ति में डूबे रहते है। लेकिन इस वर्ष क्वांर नवरात्रि के अंतिम दिन मातारानी की विसर्जन एवं विजयादशमी का पर्व 02 अक्टूबर को होने की वजह से कार्यक्रम की तिथि में परिवर्तन किया गया तथा उक्त कार्यक्रम तीन व चार अक्टूबर को भगवान श्री रामचंद्र जी की पूजा अर्चना कर शुभारंभ किया गया।

इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला पंचायत सदस्य श्रीमती चंद्रिका गंजीर जी थे। वहीं कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रीमती सुनीता संजय साहू अध्यक्ष जनपद पंचायत गुरूर ने किया। तथा अति विशिष्ट अतिथि के रूप में जनपद सदस्य श्रीमती संध्या अजेंद्र साहू, विशेष अतिथि के रूप में श्रीमती उत्तरा मरकाम जी सरपंच ग्राम पंचायत अकलवारा, डाकेश कुमार साहू अध्यक्ष ब्लाक सरपंच संघ गुरुर, श्री छबिलाल साहू जी पूर्व सरपंच ग्राम पंचायत भरर–भनसुली, सरपंच ग्राम पंचायत नरबदा श्री प्रीत राम गुरुपंच जी, उपसरपंच श्री राजेंद्र कलिहारी जी, ग्राम नरबदा के सफल किसान श्री चंद्रकांत सिन्हा जी, ग्रामीण साहू समाज के संगठन सचिव श्री फलेश कुमार साहू जी, नव जागरण नवयुवक मंडल के सभी सदस्यों के साथ ग्राम नबरदा के समस्त ग्रामवासियों की गरिमामई उपस्थिति में कार्यक्रम को सफल बनाने गति प्रदान किया गया।
कार्यक्रम में अतिथि के रूप में पहुँचे क्षेत्र के जन– प्रतिनिधियो के समक्ष सरपंच प्रीत गुरुपंच ने गाँव की समस्या से अवगत कराते हुये अपनी मांगों को रखा। गांव की गलियों में बहने वाली गंदा पानी इस गांव की सबसे बड़ी समस्या बनी हुई है इस ओर जनप्रतिनिधि गणों का विशेष ध्यान आकर्षण कराया। उक्त समस्या की अविलंब समुचित हल निकालने की ग्रामीणों ने मांग की है। वहीं अन्य मांगों में सीसी रोड, अधूरे पड़े नाली निर्माण, टीना शेड आदि कार्यों को जल्द से जल्द पूरा करने की मांग किया गया है। सरपंच की उपरोक्त मांगों पर जनप्रतिनिधियो ने आश्वस्त किया कि जल्द ही इस समस्या तथा गांव की चौमुखी विकास व विभिन्न विकासएवं निर्माण कार्यों के लिए फंड की व्यवस्था करने की बात कहा है।
